शंकरा , शंकरा मैं हूं तेरा तू है मेरा शंकरा....!!2 !!
तू ही मुझमे रमा है
तू ही मुझमे समा है
दुनिया फिकी लगे रंग तेरा जमा है
तू ही है आस मेरी, तू ही विश्वास भोले,
तेरा दर आ गया है
मुझको रास भोले....
शंकरा , शंकरा मैं हूं तेरा तू है मेरा शंकरा....!!2 !!
हो रहें कैलाश पे तू
पर्वत बीच मे
तेरा ही ध्यान धरूं
आखे मीच मैं
जटा में गंगा तेरे
गले में नाग भोले
तू ही जन्नत है मेरी
तू ही ख़्वाब भोले
तू ही है हार मेरी
तू ही जीत शंभु
तेरी लागी लगन
तेरे संग प्रीत शंभु
शंकरा , शंकरा मैं हूं तेरा तू है मेरा शंकरा....!!2 !!
हो घट घट के वासी
यहाँ कण कण मे तू हैं
है तेरा फितूर मुझे
हो मेरे मन में तू है
लेना संभाल भोले
कदम जो डगमगाये
तेरी मर्जी से ही तो
जुगनू जगमगाये
तू ही दौलत है मेरी
तू ही सोहरत है भोले
भूलाऊ पल भी तुझे
कहा मोहलत है भोले
शंकरा , शंकरा मैं हूं तेरा तू है मेरा शंकरा....!!2 !!